बीकानेर में बढ़ता नशा – मौतों का खेल छुपाया जा रहा है!

बीकानेर में बढ़ता नशा – मौतों का खेल छुपाया जा रहा है!बीकानेर, जिसे कभी संस्कृति, कला और वीरता के लिए जाना जाता था, आज नशे की गिरफ्त में है। गलियों से लेकर कॉलेजों तक, हर जगह नशे का ज़हर फैल रहा है। अफ़सोस की बात यह है कि नशे में हुई हजारों मौतों को छुपा दिया जाता है, ताकि शहर…

puchta hai bikaner

अरावली बचाने की बात,स्थान: नागणेची माता मंदिर!रात 8:00 बजे और उम्मीद है कि लोग “फुर्सत नहीं है” वाले बहाने घर पर ही छोड़कर आएँगे।

18 दिसंबर 2025 शाम 8 बजे जरूर पधारे, जहाँ खास तौर पर युवाओं से सीधी बातचीत होगी। सवाल साफ है—वे क्या सोचते हैं, क्या कहना चाहते हैं, और क्या उनकी आवाज़ अब भी सिर्फ़ मोबाइल स्क्रीन तक सीमित रह गई है? समय रखा गया है

puchta hai bikaner

बीकानेर की टूटी सड़के – और उनसे भी ज्यादा टूटे नेताओं के वादे!

बीकानेर की टूटी सड़के – और उनसे भी ज्यादा टूटे नेताओं के वादे!बीकानेर की सड़कों पर चलना अब किसी रोमांचक सफर से कम नहीं। कहीं गड्ढे इतने गहरे कि लगता है झील में उतर गए हों, कहीं सड़क इतनी टूटी कि वाहन के पुर्ज़े जवाब दे जाएं। लेकिन अफसोस की बात यह है कि जनता की इन टूटी सड़कों से…

puchta hai bikaner
- Sponsored -
Ad imageAd image

LATEST NEWS

बसें आ रही हैं… पर सड़के कब आएंगी मंत्री जी?भाषण दौड़ रहे हैं, गड्ढों में शहर फंसा है!

बसें आ रही हैं, लेकिन सड़कों की हकीकत क्या है? शहर में सार्वजनिक परिवहन को बेहतर बनाने के लिए नई बस सेवाओं की घोषणाएं हो रही हैं, लेकिन ज़मीनी हकीकत…

puchta hai bikaner